राजस्थान में उपभोक्ता आयोग अध्यक्ष पर कार्रवाई
जयपुर, राजस्थान: राजस्थान सरकार ने जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग, जयपुर द्वितीय के अध्यक्ष प्यासी लाल मीणा पर बड़ी कार्रवाई करते हुए उनकी सभी न्यायिक शक्तियां तत्काल प्रभाव से वापस ले ली हैं।
उपभोक्ता मामले विभाग की ओर से 19 जून को जारी आदेश के अनुसार, उन पर 16.50 लाख रुपये की कथित उगाही के आरोपों की जांच पूरी होने तक उन्हें न्यायिक और अर्द्ध न्यायिक कार्यों से दूर रखा गया है।
आदेश के तहत प्यासी लाल मीणा की वित्तीय और प्रशासनिक शक्तियां भी निलंबित कर दी गई हैं।
अब वे अगले आदेश तक किसी भी उपभोक्ता मामले की सुनवाई नहीं कर सकेंगे और न ही कोई फैसला या आदेश जारी कर पाएंगे।
बता दें कि प्यासी लाल मीणा पहले भी विवादों में रह चुके हैं। अलवर के सिलिसेढ़ बांध क्षेत्र और सरिस्का टाइगर रिजर्व के बफर जोन में बने एक रिसॉर्ट की सील खोलने के आदेश को लेकर भी उन पर सवाल उठे थे।
इस मामले में भ्रष्टाचार और अनियमितताओं के आरोप लगाए गए थे।
इसी के बाद राज्य सरकार ने मामले की गंभीरता को देखते हुए यह सख्त कदम उठाया है।
फिलहाल जांच पूरी होने तक उनकी न्यायिक भूमिका पर रोक जारी रहेगी।




