प्रतापगढ़ में फूटा गुस्सा जर्जर विद्यालय भवन और बदहाल व्यवस्थाओं से नाराज ग्रामीणों व छात्रों का धरना-प्रदर्शन
27 जुलाई सोमवार 2026-27 प्रतापगढ़. जिले के पीपलखूंट क्षेत्र की ग्राम पंचायत बक्तोड स्थित राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय में जर्जर भवन, पेयजल, शौचालय और शिक्षकों की कमी को लेकर सोमवार को विद्यार्थियों, अभिभावकों और ग्रामीणों ने विद्यालय के बाहर धरना-प्रदर्शन शुरू कर दिया. प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि विद्यालय भवन बेहद जर्जर हो चुका है, जिससे कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है. विद्यालय में पीने योग्य पानी की पर्याप्त व्यवस्था नहीं है और शौचालय गंदे होने से छात्र-छात्राओं को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है.
ग्रामीणों का आरोप है कि विद्यालय में शिक्षकों की भी कमी है. एक शिक्षक को दो-दो कक्षाओं का संचालन करना पड़ रहा है, जिससे बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है और उनकी शिक्षा के साथ खिलवाड़ हो रहा है. आरोप है कि उन्होंने कई बार प्रशासन और शिक्षा विभाग को समस्याओं से अवगत कराया, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई. इसी कारण संवैधानिक तरीके से धरना-प्रदर्शन शुरू किया गया है.
विद्यार्थियों से बातचीत कर समझाइश की: उनका कहना है कि जब तक प्रशासन उनकी मांगों पर लिखित आश्वासन नहीं देता, तब तक आंदोलन जारी रहेगा. यदि जल्द समाधान नहीं हुआ तो पूरे ग्राम पंचायत क्षेत्र में शिक्षा व्यवस्था को लेकर उग्र आंदोलन किया जाएगा. प्रदर्शन की सूचना मिलने पर मुख्य ब्लॉक शिक्षा अधिकारी (सीबीईओ) मौके पर पहुंचे और ग्रामीणों व विद्यार्थियों से बातचीत कर समझाइश की. ग्रामीणों ने अधिकारियों को अपनी मांगों का लिखित प्रस्ताव मौके पर ही सौंपने की बात कही और शीघ्र समाधान की मांग दोहराई. राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय बक्तोड की समस्याओं को लेकर विद्यार्थियों और ग्रामीणों ने जो मांगें रखी हैं, उन्हें गंभीरता से सुना गया है. विद्यालय भवन, पेयजल, शौचालय और शिक्षकों की कमी सहित सभी मुद्दों का मौके पर निरीक्षण किया गया है. संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई के लिए अवगत कराया जा रहा है. विभागीय स्तर पर जो भी संभव होगा, उसका शीघ्र समाधान कराने का प्रयास किया जाएगा ताकि विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक सुविधाएं मिल सकें. : मूलशंकर मेघवाल, सीबीईओ
मूलभूत सुविधाओं के अभाव को लेकर आक्रोष: जिले के अरनोद पंचायत समिति की ग्राम पंचायत नौगांवा के रिछा गांव में श्मशान घाट पर वर्षों से मूलभूत सुविधाओं के अभाव को लेकर सोमवार को ग्रामीणों का आक्रोश फूट पड़ा. बड़ी संख्या में ग्रामीण ग्राम पंचायत पहुंचे और पंचायत का घेराव कर श्मशान घाट पर बाउंड्रीवाल, अंतिम संस्कार के लिए छप्पर और अन्य आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने की मांग की.
श्मशान घाट पर वर्षों से मूलभूत सुविधाओं के अभाव को लेकर धरना: ग्रामीणों ने बताया कि श्मशान घाट पर न तो बाउंड्रीवाल बनी है और न ही अंतिम संस्कार के दौरान बारिश और धूप से बचाव के लिए छप्पर की व्यवस्था है. बरसात के मौसम में अंतिम संस्कार करने में लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता है. ग्रामीणों का आरोप है कि श्मशान घाट के विकास के लिए स्वीकृति मिलने के बावजूद आज तक कोई निर्माण कार्य शुरू नहीं किया गया. ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि श्मशान घाट के विकास कार्यों को प्राथमिकता देते हुए जल्द से जल्द बाउंड्रीवाल, छप्पर और अन्य आवश्यक सुविधाओं का निर्माण कराया जाए. साथ ही चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों का शीघ्र समाधान नहीं हुआ तो वे आंदोलन को और तेज करने के लिए मजबूर होंगे.


