राजस्थान में लॉरेंस बिश्नोई गैंग से जुड़ी कथित आपराधिक साजिश को लेकर पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने दो कथित शूटरों को गिरफ्तार किया है। जांच एजेंसियों के मुताबिक, दोनों पर पूर्व कांग्रेस विधायक संयम लोढ़ा को निशाना बनाने की कथित साजिश में शामिल होने का आरोप है। पुलिस का दावा है कि आरोपियों ने संभावित वारदात से पहले रेकी भी की थी।
लॉरेंस बिश्नोई गैंग के दो शूटर गिरफ्तार: पूर्व विधायक को निशाना बनाने की कथित साजिश का खुलासा, रेकी करने का भी आरोप!

मामला सामने आने के बाद पुलिस और जांच एजेंसियों की सक्रियता बढ़ गई है। गिरफ्तार किए गए दोनों आरोपियों से पूछताछ कर यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि उन्हें कथित तौर पर किसके निर्देश मिले थे और इस पूरी साजिश में उनके साथ और कौन-कौन लोग जुड़े हुए थे।
विदेशी पिस्टल और कारतूस बरामद
पुलिस के अनुसार, दोनों आरोपियों के कब्जे से विदेशी पिस्टल और बड़ी संख्या में कारतूस बरामद किए गए हैं। हथियारों की बरामदगी के बाद पुलिस इस पूरे मामले को गंभीरता से जांच रही है। अधिकारियों की ओर से हथियारों के स्रोत और उन्हें आरोपियों तक पहुंचाने वाले नेटवर्क की भी पड़ताल की जा रही है।
जांच में यह भी सामने आने की बात कही गई है कि दोनों कथित शूटरों ने अपने संभावित निशाने की गतिविधियों की जानकारी जुटाने के लिए रेकी की थी। हालांकि, जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि कथित साजिश की योजना कितने समय से बनाई जा रही थी और इसके पीछे कौन-कौन लोग सक्रिय थे।
पुलिस की कार्रवाई से टली संभावित वारदात
पुलिस की इस कार्रवाई को संभावित बड़ी वारदात से पहले की गई कार्रवाई के तौर पर देखा जा रहा है। दोनों आरोपियों को गिरफ्तार करने के बाद उनसे लगातार पूछताछ की जा रही है। जांच अधिकारी उनके मोबाइल फोन, संपर्कों, यात्रा और अन्य गतिविधियों से जुड़ी जानकारी भी खंगाल रहे हैं।
पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि आरोपियों के कथित तौर पर लॉरेंस बिश्नोई गैंग से किस तरह के संपर्क थे और उन्हें किसी वारदात के लिए क्या निर्देश दिए गए थे। साथ ही संभावित स्थानीय सहयोगियों और अन्य संदिग्धों की भूमिका की भी जांच की जा रही है।

लॉरेंस बिश्नोई गैंग से जुड़े मामलों में पुलिस और जांच एजेंसियां देश के अलग-अलग हिस्सों में कार्रवाई करती रही हैं। हाल ही में राजस्थान पुलिस की एंटी गैंगस्टर टास्क फोर्स (AGTF) और जोधपुर पुलिस ने लॉरेंस-आरजू बिश्नोई गैंग से जुड़े दो कथित शार्प शूटरों को भी गिरफ्तार किया था। दोनों पर 5-5 लाख रुपये का इनाम बताया गया था।
ताजा मामले में पुलिस अब गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ के जरिए कथित साजिश की पूरी कड़ी जोड़ने में जुटी है। अधिकारियों का फोकस यह पता लगाने पर है कि संभावित वारदात की योजना कहां बनाई गई, आरोपियों को हथियार कैसे मिले और उनके पीछे किसी बड़े नेटवर्क की भूमिका तो नहीं थी।
फिलहाल मामले की जांच जारी है। पुलिस की पूछताछ और आगे सामने आने वाले तथ्यों के बाद ही इस कथित साजिश से जुड़े अन्य पहलुओं का खुलासा हो सकेगा।
REPORTING ; MOTI JANGID

